बोर्ड परीक्षाओं के बाद होगा मूल्यांकन कार्य। कक्षा एक से आठवीं तक मिलेगी कक्षोन्नती।
देहरादून (उत्तराखंड) से गंगेश कुमार की रिपोर्ट।
देहरादून। उत्तराखंड बोर्ड की 10वीं और 12वीं के शेष रह गए विषयों की परीक्षाएं लाॅकडाउन खत्म होने के बाद 10 दिन के अंतराल पर कराई जाएंगी। कक्षा एक से आठवीं तक के छात्रों को कक्षाेन्नती मिलेगी। यानी उन्हें फेल नहीं किया जाएगा। वहीं अधिकतर विद्यालयों में 9वीं व 11वीं की परीक्षा होने की वजह से उनका रिजल्ट घोषित किया जाएगा। कोरोना महामारी के चलते लाॅकडाउन की वजह से बोर्ड ने 23 से 25 मार्च तक अपनी परीक्षाएं स्थगित कर दी थी। इस वजह से हाईस्कूल में गणित, उर्दू ,संस्कृत, पंजाबी व बंगाली विषयों और इंटर में संस्कृत, उर्दू, बंगाली, जीव विज्ञान, कृषि, गणित, प्रारंभिक सांख्यिकी (कृषि भाग एक), कृषि रसायन विज्ञान (कृषि भाग 2), भूगोल या भूगर्भ विज्ञान विषयों की परीक्षाएं नहीं हो पाई थी। सरकार ने उत्तराखंड बोर्ड की स्थगित की गई परीक्षाओं को लेकर स्थिति साफ कर दी है। इस संबंध में शिक्षा सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम ने मंगलवार को आदेश जारी किए।
आदेश के मुताबिक बोर्ड की शेष परीक्षाएं लॉकडाउन खत्म होने पर स्थिति अनुकूल होते ही 10 दिन के बाद आयोजित की जाएगी। पहले सीबीएसई की तर्ज पर सिर्फ 4 विषयों की परीक्षाएं कराने की शासन स्तर पर सहमति बनी थी। लेकिन बाद में विषयों की संख्या कम होने और उनकी परीक्षाओं के लिए कम वक्त की दरकार को देखते हुए उक्त फैसला लिया गया। बोर्ड की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य शेष बोर्ड परीक्षाएं निपटाने के बाद घोषित किया जाएगा। इसकी सूचना संबंधित जिलों के उप संकलन, मुख्य संकलन, केंद्र मूल्यांकन केंद्रों और संस्था अध्यक्षों को दी जाएगी। शिक्षा सचिव ने बताया कि राज्य सरकार के सभी राजकीय सहायता प्राप्त अशासकीय एवं मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कक्षा एक से आठवीं तक अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को अगली कक्षाओं में कक्षोन्नती की जाएगी। नवीं और ग्यारहवीं की वार्षिक परीक्षाएं जिन विद्यालयों में नहीं हुई है। वहां छात्रों को मासिक, अर्धवार्षिक व प्रोजेक्ट के अंकों के आधार पर पास होने पर प्रोन्नत किया जाएगा। पास ना होने वाले छात्रों को मौका देने को स्कूल खुलने पर दो माह की रिमेडियल कक्षाओं के बाद परीक्षा कराई जाएगी।